शांति: सुकून भरी कहानियाँ
चंदा की लोरी
नई कहानी · लगभग 2 मिनट · 27वाँ सप्ताह
आज रात शिशु को सुनाने के लिए एक मीठी-सी लोरी।
हेलो, नन्ही जान। मैं मम्मा हूँ। आज तुम्हारे लिए एक कहानी है।
हर रात, जब आसमान गहरा नीला हो जाता है, तब चाँद पूरी दुनिया के ऊपर निकल आता है और गाने लगता है।
क्या तुम्हें यह पता था, मेरी नन्ही-सी जान?
चाँद के पास हर बच्चे के लिए एक अलग लोरी होती है। और आज रात, उसके पास एक लोरी सिर्फ़ तुम्हारे लिए है।
सबसे पहले चाँद ने समंदर किनारे के एक गाँव में एक बच्चे को लोरी सुनाई। उसने उन लहरों का गीत गाया, जो पालने की तरह झुलाती हैं — आगे-पीछे, आगे-पीछे।
फिर उसने ऊँचे पहाड़ों पर एक बच्चे को लोरी सुनाई, जहाँ बर्फ़ चीनी की तरह चमकती है। उसने गरम कंबलों और चट-चट जलते अलाव का गीत गाया।
फिर उसने एक चहल-पहल भरे शहर में एक बच्चे को लोरी सुनाई, जहाँ हर खिड़की में रोशनी टिमटिमाती है। उसने उस सुकून का गीत गाया, जो लंबे, भागदौड़ भरे दिन के बाद छा जाता है।
और अब चाँद यहाँ आ गया है, हमारे घर पर हल्की-हल्की चाँदनी बिखेरता हुआ। वह खिड़की से झाँक रहा है — सिर्फ़ तुम्हारे लिए।
यह रहा तुम्हारा गीत, मेरी नन्ही-सी जान।
अब आराम करो, अपनी नरम-गरम, सुरक्षित दुनिया में। तुम्हें मेरी धड़कन सुनाई दे रही है — एक लय में, बिल्कुल पास, जैसे कोई ढोलक कह रही हो, "मैं यहीं हूँ। मैं यहीं हूँ।"
बहुत जल्द चाँद तुम्हारी अपनी आँखों के सामने होगा। तारे भी, पेड़ भी, और उन सबके चेहरे भी, जो तुमसे मिलने की राह देख रहे हैं। तुम्हारा परिवार अभी से तुम्हारे सपने देख रहा है।
चाँद अब मुस्कुरा रहा है। उसने तुम्हारा गीत गा दिया है।
चैन से सो जाओ, मेरी जान। धीरे-धीरे पलो, बढ़ो। जल्द ही हम साथ मिलकर चाँद देखेंगे।
“तुम्हें अभी से इतना प्यार मिल रहा है, जिसका तुम्हें अंदाज़ा भी नहीं।”
गर्भ संवाद
मेरी नन्ही-सी जान, आज रात चाँद ने सिर्फ़ तुम्हारे लिए गीत गाया। जल्द ही हम अपनी खिड़की से उसे साथ-साथ देखेंगे। तब तक आराम करो, और यह जान लो कि हम सब तुम्हें कितना प्यार करते हैं।
इसे धीरे-धीरे बोलकर सुनाइए, चाहें तो अपने शब्दों में।
मैं तुमसे बहुत प्यार करती हूँ, नन्ही जान। तुम सुरक्षित हो। हम साथ हैं।
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